श्रावण (सावन) के पहले सोमवार पर कांवड़ यात्रा को लेकर खास इंतजाम हुए हैं। प्रयागराज में मंदिरों, शिवालयों में भीड़ उमड़ रही है। प्रयागराज से वाराणसी तक कांवड़ियों के लिए सड़क की एक लेन रिजर्व कर दी गई। ट्रैफिक प्लान, रूट डायवर्जन के साथ ही ड्रोन से निगरानी की जा रही है। पुलिस और आरएएफ की टीमें हाइवे पर सुरक्षा में लगी हैं। पुलिस कमिश्नर पीयूष मोर्डिया ने ब्रीफिंग के बाद सभी अफसरों को निर्देश दिए हैं।
सावन माह की कांवड़ यात्रा के लिए अब 29 अगस्त तक विशेष ट्रैफिक व्यवस्था और रूट डायवर्जन लागू कर दिया गया। प्रयागराज-वाराणसी हाईवे पर एक लेन पूरी तरह कांवड़ियों के लिए आरक्षित रहेगी और दूसरी लेन से सामान्य वाहन चलेंगे। कांवड़ यात्रा के मद्देनजर शास्त्री पुल (झूंसी पुल) पर भारी वाहनों और रोडवेज बसों की एंट्री रोक दी गई। बड़े वाहनों को बाईपास से निकाला जाएगा।
कांवड़ियों के साथ सौम्य व्यवहार करना है
पुलिस आयुक्त पीयूष मोर्डिया की अध्यक्षता में अपर पुलिस आयुक्त कानून एवं व्यवस्था डॉ. अजय पाल शर्मा, अपर पुलिस आयुक्त मुख्यालय विजय ढुल के साथ रिजर्व पुलिस लाइन त्रिवेणी सभागार में कांवड़ यात्रा को लेकर ब्रीफिंग की गई।
पुलिसकर्मियों को पढ़ाया पाठ
– ड्यूटी में लगे पुलिस बल द्वारा कांवड़ियों के साथ सौम्य व्यवहार किया जाए, उनसे प्यार से बात करें। उनका सहयोग किया जाए। यात्रा मार्गों पर साइन बोर्ड की पूरी जानकारी दी जाए।
– कांवड़ यात्रा के मार्गों का निरीक्षण/भ्रमण निरंतर करते रहें। डिवाइडर के मध्य में यदि कहीं पर अवैध कट हो तो उसे तत्काल बंद किया जाए।
– पब्लिक एड्रेस सिस्टम, सीसीटीवी, ड्रोन इत्यादि के माध्यम से कांवड़ मार्गों की सतत निगरानी करते हुए कांवड़ियों की सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।
– घाटों पर पर्याप्त संख्या में पुलिस बल की तैनाती, अधिकारी और थाना प्रभारी यात्रा मार्ग में पड़ने वाले शिविर, विश्राम गृहों का भ्रमण करें।
– यातायात व्यवस्था के दृष्टिगत रूट डायवर्जन के सम्बन्ध में ट्रक एसोसिएशनों से वार्ता की जाए। डायवर्जन प्वाइंट एवं पेट्रोल पंप ढाबों पर रूट डायवर्जन के सम्बन्ध में साइन बोर्ड लगाएं। – बाजार व भीड़ भाड़ वाले स्थानों पर नियमित पैदल गश्त व संदिग्धों की चेकिंग की जाए।
ट्रैफिक प्लान- डायवर्जन
प्रयागराज-वाराणसी हाईवे पर झूंसी से हनुमानगंज, हंडिया और बरौत तक बैरिकेडिंग की गई है। हाईवे की एक लेन पैदल यात्री और कावंड़ यात्रा के लिए सुरक्षित है, जबकि दूसरी लेन से सीमित और नियंत्रित ट्रैफिक चलेगा।बड़े वाहन पुल से नहीं गुजरेंगे
शास्त्री पुल पर रोडवेज बसों और भारी व्यावसायिक वाहनों का प्रवेश पूरी तरह रोक दिया गया। रोडवेज बसों के लिए बाईपास दिया गया है। अब वाराणसी और जौनपुर की तरफ से आने वाली बसें हंडिया- सहसों- फाफामऊ के रास्ते प्रयागराज में प्रवेश करेंगी। आवश्यक सेवाओं को छोड़कर सभी प्रकार के भारी और कमर्शियल वाहनों के प्रवेश पर रोक है। ऐसे वाहनों के लिए वैकल्पिक मार्ग तय किए गए हैं। चौराहों और तिराहों पर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है। ड्रोन और सीसीटीवी कैमरों से निगरानी की तैयारी है।
मनकामेश्वर महादेव मंदिर में जलाभिषेक
सावन माह पर प्रयागराज के प्राचीन श्री मनकामेश्वर महादेव मंदिर में सबसे ज्यादा भीड़ उमड़ रही है। 'हर-हर महादेव' और 'बम-बम भोले' के जयघोष के साथ जलाभिषेक शुरू हो गया है।
यमुना तट पर स्थित मनकामेश्वर महादेव मंदिर प्रयागराज के प्रमुख शिवालयों में से एक है। सावन के पूरे महीने मंदिर में विशेष रुद्राभिषेक, शिव आरती और अन्य धार्मिक अनुष्ठानों का आयोजन किया जाएगा।
त्रिवेणी से भर रहे गंगाजल
सावन माह में बड़ी संख्या में कांवड़िए त्रिवेणी संगम से गंगाजल भरकर मनकामेश्वर सहित शहर के विभिन्न शिवालयों में भगवान शिव का जलाभिषेक करने आते हैं। इसे देखते हुए जिला प्रशासन और पुलिस ने व्यापक सुरक्षा इंतजाम किए हैं।
मंदिर परिसर और कांवड़ मार्गों पर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है। भीड़ नियंत्रण, बैरिकेडिंग, यातायात व्यवस्था, चिकित्सा सहायता और सफाई व्यवस्था को भी सुदृढ़ किया गया है, ताकि श्रद्धालुओं को असुविधा न हो और दर्शन-पूजन शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हो सके।